नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अमेरिका-ईरान युद्ध के कारण पैदा हुए ऊर्जा संकट को देखते हुए ईंधन बचाने की अपील की थी। पीएम मोदी के आह्वान के बाद मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के जज जस्टिस द्वारका धीश बंसल मंगलवार को साइकिल चलाकर अदालत पहुंचे।
हाई कोर्ट की जबलपुर बेंच में तैनात जस्टिस बंसल, सिविल लाइंस क्षेत्र में स्थित अपने आधिकारिक आवास से अदालत परिसर तक लगभग तीन किलोमीटर की दूरी साइकिल से तय करके पहुंचे, उनके साथ अदालत का एक कर्मचारी भी था। साइकिल चलाने का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इसमें उन्होंने कहा कि कोर्ट तक साइकिल से जाने के फैसला इसलिए किया ताकि यह मैसेज जा सके कि जजों को भी ईंधन की बचत के प्रयासों में हिस्सा लेना चाहिए।
मैंने सोचा मुझे साइकिल से कोर्ट जाना चाहिए- जस्टिस द्वारका धीश बंसल
बार एंड बेंच की रिपोर्ट के मुताबिक, जस्टिस द्वारका धीश बंसल ने कहा, “पिछले दो दिनों से मैं देख रहा हूं कि वैश्विक संकट को देखते हुए माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने अन्य बातों के साथ-साथ ईंधन बचाने की अपील की है। इसे ध्यान में रखते हुए, मैंने सोचा कि मुझे साइकिल से हाई कोर्ट जाना चाहिए और आम आदमी को यह संदेश देना चाहिए कि कम दूरी के लिए जब भी संभव हो साइकिल का उपयोग करें।”
जस्टिस बंसल ने आगे कहा कि वह मुख्य न्यायाधीश संजीव सचदेवा के साथ नियमित रूप से जबलपुर में साइकिल चलाते हैं और इस बात पर जोर दिया कि न्यायाधीश सामान्य नागरिक जिम्मेदारियों से मुक्त नहीं हैं। उन्होंने कहा, “मैं कभी-कभी मुख्य न्यायाधीश संजीव सचदेवा के साथ जबलपुर शहर में साइकिल चलाता हूं। मुझे नहीं लगता कि साइकिल चलाना कोई बहुत बड़ा काम है। सिर्फ इसलिए कि हम हाई कोर्ट के न्यायाधीश हैं, इसका मतलब यह नहीं है कि हम खास हैं।”
पीएम मोदी ने लोगों से की थी अपील
पश्चिम एशिया संकट का असर भारत पर पड़ रहा है। इसको लेकर ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से अपील की कि वे पेट्रोल और डीजल बचाएं और बेहद जरूरी न होने पर इस्तेमाल से बचे। पीएम मोदी ने कहा कि हमने कोविड के समय कई सारी व्यवस्थाएं बना ली थीं और अब समय की मांग है कि हम उन व्यवस्थाओं को फिर से शुरू करें।
पश्चिम एशिया संघर्ष के प्रभाव पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कहते हैं, “वैश्विक संकट के इस दौर में हमें कर्तव्य को सर्वोपरि मानते हुए संकल्प लेना होगा और उसे पूर्ण समर्पण के साथ निभाना होगा। एक बड़ा संकल्प है पेट्रोल और डीजल का कम से कम उपयोग करना। हमें पेट्रोल और डीजल के उपयोग को कम करना होगा। मेट्रो लाइन वाले शहरों में हमें केवल मेट्रो से ही यात्रा करने का निर्णय लेना चाहिए।”
पीएम मोदी ने कहा था, “हमें घर से काम करने, ऑनलाइन कॉन्फ्रेंसिंग और वर्चुअल बैठकों को फिर से प्राथमिकता देनी चाहिए। हमें विदेशी मुद्रा की बचत पर भी विशेष जोर देना चाहिए, क्योंकि वैश्विक स्तर पर पेट्रोल और डीजल बहुत महंगे हो गए हैं। पेट्रोल और डीजल खरीदने पर खर्च होने वाली विदेशी मुद्रा को बचाना हमारी जिम्मेदारी है।”

























































