नई दिल्ली। करवा चौथ के दिन करवा माता के साथ ही भगवान शिव, माता पार्वती, गणेश जी और चंद्र देव की पूजा भी की जाती है। हिंदू धार्मिक मान्यताओं में किसी भी पूजा में भगवान को भोग लगाना और प्रसाद का वितरण करना बेहद शुभ माना जाता है। आइए ऐसे में जान लेते हैं कि करवा चौथ के दिन आपको किन भोज्य पदार्थों को भोग और प्रसाद में शामिल करना चाहिए।
करवा चौथ के व्रत की शुरुआत सूर्योदय से पहले सरगी के साथ होती है। इस दौरान सरगी में प्रसाद रूप में महिलाएं भोजन ग्रहण करती हैं। सरगी के प्रसाद में आपको ऊर्जादायक भोज्य पदार्थ शामिल करने चाहिए ताकि सारे दिन शरीर में ऊर्जा बनी रहे। इस दौरान आपको सेवई, काजू, किशमिश, सेब, केला, अनार आदि का सेवन करना चाहिए।
करवा चौथ की पूजा मुख्य रूप से सूर्यास्त के बाद की जाती है। सूर्यास्त के बाद गणेश जी की पूजा के साथ भगवान शिव, माता पार्वती, करवा माता की पूजा होती है और इनको भोग लगाया जाता है। इसलिए पूजा के दौरान आपको भोग के रूप में मोदक, मेवे, खीर, फल, नारियल, पूरी, हलवा और मिठाइयों को अवश्य शामिल करना चाहिए। इस दौरान भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए दूध से बनी चीजें भी आप भोग के रूप में अर्पित कर सकते हैं। इसके साथ ही चंद्र देव को भी सफेद भोज्य पदार्थों का भोग लगाना शुभ माना जाता है।
व्रत का पारण करने से पहले महिलाओं को व्रत का प्रसाद भी अवश्य वितरित करना चाहिए। व्रत के प्रसाद में पंजीरी, नारियल, हलवा-पूरी, खीर आदि आप वितरित कर सकती हैं। इन चीजों को प्रसाद के रूप में वितरित करने से आपको शुभ फलों की प्राप्ति होती है।
करवा चौथ के दिन अगर आप विधि-विधान से पूजा करने के साथ ही भोग लगाते हैं और प्रसाद का वितरण करते हैं तो देवी-देवताओं के आशीर्वाद से आपके दांपत्य जीवन की सभी परेशानियां दूर होने लगती हैं। साथ ही आपको जीवन के अन्य क्षेत्रों में भी सफलता मिलती है।

























































