नई दिल्ली : हिंदू धर्म में वास्तु शास्त्र को बेहद शुभ फलदायी माना जाता है। वहीं वास्तु शास्त्र का सीधा संबंध हमारे जीवन की सुख-शांति और समृद्धि पर पड़ता है। हम कई बार घर में कुछ ऐसी चीजें रखते हैं। जो वास्तु में शुभ नहीं माने जाते हैं और इसका सीधा असर हमारे जीवन की सुख-शांति और समृद्धि पर पड़ता है। इससे घर में नकारात्मकता आने लग जाती है और घर की सुख-शांति चली जाती है। इसलिए इसका ध्यान रखना बेहद जरूरी है।
आइए इस लेख में विस्तार से जानते हैं कि घर की किस दिशा में क्या रखने से शुभ फलों की प्राप्ति हो सकती है और घर की सुख-शांति आ सकती है।
घर की ईशान कोण दिशा में रखें तुलसी
तुलसी का पौधा बेहद पवित्र माना जाता है। यह सभी के घरों में होता है। तुलसी का संबंध मां लक्ष्मी से है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, तुलसी को हमेशा उत्तर-पूर्व दिशा या फिर ईशान कोण दिशा में रखना चाहिए। यह दिशा पॉजिटिव एनर्जी, आध्यात्मिकता और शुद्धि का प्रतीक है। ऐसा कहा जाता है कि यह दिशा पॉजिटिव एनर्जी का प्रतीक है। इ इससे तनाव कम होता है और आपसी रिश्ते में प्यार बढ़ता है। सात ही घर में मां लक्ष्मी का आगमन होता है।
उत्तर दिशा में पानी से भरा कलश रखें
हिंदू धर्म में पानी को पूजनीय माना जाता है। साथ ही इसका संबंध धन और समृद्धि से है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, पानी से भरा कलश घर के उत्तर या पूर्व दिशा में रखना चाहिए। यह दिशा कुबेर देवता की होती है। इसलिए इस दिशा में पानी से भरा कलश रखने से आर्थिक स्थिरता आती और बिजनेसज में भी ग्रोथ मिलता है। इसके अलावा घर में पॉजिटीव एनर्जी बनी रहती है।
घर के मुख्य द्वार पर बनाएं स्वास्तिक
सनातन धर्म में स्वास्तिक को शुभ और मंगल माना जाता है। इसे मुख्य द्वार पर बनाने से घर की सुख-शांति बनी रहती है और घर में हमेशा खुशियों का आगमन होता है। स्वास्तिक नेगेटिव एनर्जी से घर को बचाता है। इतना ही नहीं, स्वास्तिक नई शुरुआत, सफलता और तरक्की का कारक माना जाता है। इससे घर में कभी भी समस्या नहीं आती है।

























































