नई दिल्ली: कार में कितना पेट्रोल या डीजल भरवाना चाहिए, यह सवाल अक्सर वे लोग पूछते हैं जिन्होंने नई-नई कार खरीदी होती है या जो कार की देखभाल पर काफी ध्यान देते हैं। यह अच्छी बात भी है, क्योंकि अगर आपके कार खरीदी है तो आपको उसका ध्यान भी रखना चाहिए। कई बार लोग गाड़ी के फ्यूल टैंक को लबालब फुल करा लेते हैं। उनको लगता है कि ऐसा करना सही है, क्योंकि इससे कार में हमेशा फ्यूल रहेगा और वे चाहेंगे तो कहीं भी जा पाएंगे। इससे उनको एन वक्त पर पेट्रोल भरवाने की चिंता नहीं करनी होगी। लेकिन, ऐसा नहीं करना चाहिए। इससे आपको नुकसान हो सकता है।
अक्सर लोग करते हैं यह गलती
आपने अक्सर देखा होगा कि लोग अपनी गाड़ी को लेकर पेट्रोल पंप पर जाते हैं और पेट्रोल पंप पर काम करने वाले कर्मचारी से कहते हैं को कार की टंकी फुल कर दें। उनको लगता है कि ऐसा करने में कार का ध्यान अच्छे से रखते हैं। लेकिन, कार का फ्यूल टैंक फुल नहीं करना चाहिए। इससे आपको फायदे की जगह नुकसान हो सकता है।
फ्यूल टैंक फुल कराने के नकुसान
फ्यूल टैंक फुल कराने के कई नकुसान होते हैं। जैसे कि जब आपकी कार चलती है तो ब्रेकर, गड्ढों आदि की जगह से वह हिलती भी है। ऐसा होने स्वाभाविक है। ऐसे में अगर आपकी कार का फ्यूल टैंक पूरी तरह भरा होगा तो तेल को हिलने के लिए टैंक के अंदर जगह नहीं मिलेगी और गाड़ी के हिलने-ढुलने से तेल बाहर छलकेगा। इससे काफी तेल यूंही बर्बाद हो सकता है जो आपके किसी काम नहीं आएगा। इसी तरह अगर आपकी किसी ढलान वाली जगह पर खड़ी होगी तो भी तेल को टंकी के मूवमेंट की जगह नहीं मिलेगी और वह बाहर निकलेगा।
तो फिर कितना तेल भरवाना चाहिए?
अब आइए आपको बताते हैं कि गाड़ी में ज्यादा से ज्यादा कितना तेल भरवाना चाहिए। हर गाड़ी के फ्यूल टैंक की कैपेसिट अलग-अलग होती है। अगर आप कंपनी द्वारा बताई गई लिमिट का पालन करते हैं तो कोई दिक्कत नहीं आएगी। आप कार में उतना तेल भरवा सकते हैं जितना कंपनी द्वारा बताया गया हो। अगर आपको कंपनी द्वारा बताई गई लिमिट नहीं मालूम है तो आप दूसरा रास्ता अपना सकते हैं। जब आप गाड़ी तेल भरवा रहे हों तो कर्मचारी से कह दें कि पहला ऑटो कट आने के बाद तेल डालना बंद कर दे। इससे आपको किसी तरह का कोई नुकसान नहीं होगा।

























































