भुवनेश्वर। ओडिशा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार के सत्ता संभालने के बाद औद्योगिक विकास ने रफ्तार पकड़ ली है। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने रविवार को कहा कि राज्य में लगभग 2.80 लाख करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट जमीन पर उतर चुके हैं, जिससे आने वाले समय में दो लाख से अधिक रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
राजधानी भुवनेश्वर के इन्फोवैली-II में वे-ट्रैक इंडिया प्राइवेट लिमिटेड की अत्याधुनिक विनिर्माण इकाई का उद्घाटन करते हुए मुख्यमंत्री ने इसे राज्य के औद्योगिक विकास में बड़ा कदम बताया। उन्होंने कहा कि स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे क्षेत्रों में ओडिशा की कंपनियां तेजी से पहचान बना रही हैं।
मुख्यमंत्री ने वे-ट्रैक इंडिया की उपलब्धि की सराहना करते हुए कहा कि कंपनी देश की चौथी सबसे बड़ी वेब्रिज निर्माता बन चुकी है, जो ओडिशा के लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि राज्य अब खनन आधारित पारंपरिक उद्योगों से आगे बढ़कर विविध क्षेत्रों में विस्तार कर रहा है, जो दूसरी औद्योगिक क्रांति का संकेत है।
राज्य के आर्थिक लक्ष्य का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ओडिशा 2036 तक 500 अरब डॉलर और 2047 तक 1.5 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि जिन परियोजनाओं की शुरुआत हो चुकी है, उनसे बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर तैयार होंगे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सेमीकंडक्टर, टेक्सटाइल और फार्मा सेक्टर में निवेश को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ‘पूर्वोदय’ पहल को पूर्वी भारत के विकास में अहम बताया। साथ ही ‘प्लग-एंड-प्ले’ इंफ्रास्ट्रक्चर और जिला कलेक्टरों को सशक्त बनाने की नीति का भी उल्लेख किया।
राजनीतिक मुद्दों पर बोलते हुए मुख्यमंत्री ने ‘नारी शक्ति वंदन’ योजना का विरोध करने वाले विपक्षी दलों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि महिलाओं के आरक्षण के मुद्दे पर विपक्ष का रुख न्यायसंगत नहीं है और राज्य की महिलाएं इसे नजरअंदाज नहीं करेंगी।
कार्यक्रम में मत्स्य एवं पशु संसाधन मंत्री गोपालनंद मलिक और सहकारिता मंत्री प्रदीप कुमार बल सामंत ने भी राज्य में एमएसएमई सेक्टर के विकास की सराहना की। इससे पहले मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव के साथ इन्फोवैली में सेमीकंडक्टर यूनिट की आधारशिला भी रखी, जिससे ओडिशा की हाई-टेक इंडस्ट्री को नई दिशा मिलने की उम्मीद है।

























































